केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने त्रिपुरा के लंकामूरा स्थित सीमा सुरक्षा बल (BSF) की सीमा चौकी का दौरा कर जवानों का हौसला बढ़ाया और देश की सीमा सुरक्षा को और मजबूत बनाने के लिए कई अहम घोषणाएं कीं. उन्होंने कहा कि भारत की सीमाओं को अब अत्याधुनिक तकनीक से लैस किया जा रहा है और जल्द ही ‘स्मार्ट बॉर्डर’ का पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया जाएगा. सीमा प्रहरियों से संवाद करते हुए अमित शाह ने कहा कि नारकोटिक्स तस्करी, मानव तस्करी, हथियारों की स्मगलिंग और ड्रोन जैसी नई चुनौतियों के बावजूद BSF ने त्रिपुरा से लेकर पश्चिम बंगाल और बिहार तक सीमा सुरक्षा में शानदार काम किया है. उन्होंने जवानों की प्रतिबद्धता और साहस की सराहना करते हुए कहा कि देश उनकी मेहनत और सतर्कता का ऋणी है.
अमित शाह ने कहा कि बीएसएफ के पास पाकिस्तान बॉर्डर और बांग्लादेश बॉर्डर सीमाओं की सुरक्षा का जिम्मा है. इतने विस्तृत बॉर्डर पर हर सीमा की एक अलग प्रकार की चुनौती है. कहीं नशे का व्यापार है, कहीं ह्यूमन ट्रैफिकिंग का सवाल है, कहीं हथियारों की स्मगलिंग का सवाल है, कहीं पर ड्रग्स की तस्करी और नकली करेंसी की तस्करी होती है. हर सीमा के अपने अलग-अलग प्रश्न हैं. हमने तय किया है कि बीएसएफ जहां-जहां पर है, वहां स्मार्ट बॉर्डर का निर्माण करना है और एक चतुष्कोणीय सुरक्षा रणनीति के तहत स्थानीय प्रशासन को साथ में रखते हुए तथा टेक्नोलॉजी और जवानों का सहयोग लेते हुए सीमाओं को अभेद्य बनाना है.




